बाढ़ का पानी गांवो में घुस जाने से बाढ़ पीड़ितों को बड़ी दिक्कतों का करना पड़ रहा है सामना
लवकुश वर्मा
थानगांव सीतापुर । बाढ़ का पानी गांवो में घुस जाने से बाढ़ पीड़ितों को बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है । गांजरी क्षेत्र में लोंगो ने सपने में भी नही सोचा था कि बाढ़ का पानी हम सब खेतों व घरों में भर जायेगा । रेउसा विकास क्षेत्र के बिजहेड़ा की ग्राम प्रधान बिमला देवी द्वारा अपने पास से बाढ़ पीड़ितों को खातिर सोलह सौ लंच पैकेट बांटे भिठना कला प्रधान बराती लाल मौर्य व भिठनाफर्र प्रधान बाढ़ पीड़ितों को भोजन बंटवाया जिससे बाढ़ पीड़ितों को कोई समस्या न आ सके। वहीं दर्जनों गांवो में बाढ़ का पानी भरा हुआ है । बाढ़ का पानी गांव व खेतों में भरे होने से जानवरों के खातिर चारे का संकट भी गहराया हुआ है । धान के खेतों में बाढ़ का पानी भरे होने से फसल भी खेत मे सड़ने लगी है । इस बाढ़ के पानी ने किसानों के छह महीने की मेहनत पर पानी फिर गया । खरौहां से पुरैनी बोहरा गांव जाने वाले संपर्क मार्ग पर तेज धार के साथ बाढ़ का पानी सड़क पर चल रहा है । लोग अपनी फसलों को बाढ़ के पानी से निकालकर सड़को के किनारे सूखा रहे है । बाढ़ का पानी भरा होने से गांवो में हाहाकार मचा हुआ है लोग अपनी छतों पर खाना बनाने व द्वार पर भरे बाढ़ के पानी मे तख्त डालकर खाना बनाने व भोजन करने को मजबूर है । प्रशासन द्वारा व दिए गए लन्च पैकेट एवं प्रधानो ने अपने पास से लंच पैकेट बाढ़ पीड़तों को बांटे। वहीं रेउसा के ग्राम पंचायत बेलहा दरियाना गांव के बाढ़ का पानी गांव में भरा रहने से गांव में बने कच्चे मकान भरभराकर करीब आधा दर्जन लोंगो के घर ढह है जो बाढ़ पीड़ित सड़को के किनारे रहने को मजबूर है ।
