जनजाति कल्याण समिति के बैनर तले जागरुकता कार्यक्रम का हुआ आयोजन ।
तनवीर आलम (हसनगंज)
हसनगंज प्रखंड के बलुआ पंचायत अंतर्गत भारीडीह गांव में लोहरा आदिवासी समाज कल्याण समिति के बैनर तले कार्यक्रम आयोजित कर लोहरा जाति वर्ग के लोगों ने बिहार सरकार से अपने अधिकार व हक की मांग की। लोहरा आदिवासी समाज कल्याण समिति के अध्यक्ष अजीत मड़ैया ने बताया कि लोहारा/ लोहरा बिहार जाति सूचि के अनुसूचित जनजाति क्रमांक -22 पर 1950 से अंकित है, लेकिन वर्तमान में बिहार सरकार ने आरटीपीएस पोर्टल से लोहारा/ लोहरा जाति को विलोपित कर दिया है. जबकि सुप्रीम कोर्ट ने लोहार जाति को एसटी सूची से हटाकर ओबीसी सूची में स्थापित करने का आदेश दिया था। लोहारा/ लोहरा को एसटी सूचि से हटाने का कोई निर्देश नहीं है। बताया गया कि वर्तमान में लोहरा जाति को आरटीपीएस पोर्टल में किसी भी जाति सूचि में नहीं रखा गया है। जबकि लोहारा/लोहरा जाति की अपनी विशिष्ट आदिम विशेषताएं हैं, जो अन्य जनजातियों में पाया जाता है तथा इसका निवास भी आदिवासियों के बीच ही पाया जाता है। मौके पर संबंधित मुद्दों पर बैठक कर सैकड़ों की संख्या में लोहारा/लोहरा जाति वर्ग के लोगों ने सरकार से अपने अधिकार व हक की मांग करते हुए अपनी आवाज को बुलंद किया। साथ ही हक की लडा़ई को लेकर अपने समाज को जागरूक किया। बताया आरटीपीएस पोर्टल से लोहारा/लोहरा जाति विलोपित होने से हमलोगों को सरकार से मिलने वाली समुचित सुविधाएं नहीं मिल पा रही है, जिससे हमारे समाज के लोग काफी प्रभावित हो रहे हैैं। अपनी मांगों के दौरान सभी महिला व पुरुषों ने अपनी सभ्यता संस्कृति के तहत नृत्य पेश किए। इस अवसर पर आदि मौजूद रहे।
