September 15, 2026

सुरक्षित बचपन दिवस के रूप में मनाया गया कैलाश सत्यार्थी का जन्म दिवस ।

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मनोरंजन साहा (बारसोई)

नोबेल पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी का जन्म दिवस 11 जनवरी को देश भर के बाल अधिकार कार्यकर्ता और बच्चे सुरक्षित बचपन दिवस के रूप में मनाते हैं। इनकी अगवाई में अब तक सवा लाख से अधिक बच्चे बाल मजदूरी और गुलामी से मुक्त कराया जा चुके हैं। विश्व भर के बच्चों की शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए 1999 में ग्लोबल कैंपेन फॉर एजुकेशन की शुरुआत की । शिक्षा को मौलिक अधिकार बनाने के लिए 2001 में भारत यात्रा की शुरुआत हुई इसके परिणाम स्वरुप देश के संविधान में संशोधन हुआ और शिक्षा का अधिकार कानून बना। बाल श्रम, बाल शोषण के खिलाफ राष्ट्रव्यापी आंदोलन के प्रणेता रहे कैलाश सत्यार्थी के जन्मदिन के उपलक्ष्य में कैलाश सत्यार्थी चिल्ड्रंस फाउंडेशन के तत्वाधान में बिहार झारखंड के 34 जिलों में सर्वाइवर लेड इंटेलिजेंस नेटवर्क के माध्यम से गांव, पंचायत स्तर पर विभिन्न तरह के जागरूकता कार्यक्रम ,प्रभात फेरी, विद्यालयों में बच्चों और शिक्षकों के साथ के साथ मिलकर आज के दिन को सुरक्षित बचपन दिवस के रूप में मनाया गया। कटिहार जिला के प्रखंड. बारसोई के गांव. मान मन लहगरिया में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुए। इस कार्यक्रम में बाल अधिकार कार्यकर्ता.मो० सरिफुल, महिला पर्यवेक्षिका मुरजीना खातून,मानो देवी,सहनाज बेगम,मसूमा परवीन,समिमा खातून,मरूफा यास्मीन,नगमा कौसर अंसारी आंगनबाड़ी सेविका सहित ग्रामीण की भागीदारी रही।

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